shibu soren birthday: एक संघर्षशील आदिवासी नेता की कहानी
shibu soren birthday: शिबू सोरेन का जन्म 11 जनवरी, 1944 को झारखंड के हजारीबाग जिले के नामरा गांव में एक सामान्य आदिवासी परिवार में हुआ था।
- एक सामान्य आदिवासी परिवार में जन्म
- पिता की हत्या के बाद राजनीतिक जीवन में प्रवेश
- झारखंड मुक्ति मोर्चा की स्थापना
- झारखंड के मुख्यमंत्री के रूप में तीन बार पदभार संभाला
- आदिवासी अधिकारों के लिए संघर्ष
- एक विवादास्पद व्यक्तित्व
shibu soren birthday: लेख
shibu soren birthday: शिबू सोरेन का जन्म 11 जनवरी, 1944 को झारखंड के हजारीबाग जिले के नामरा गांव में एक सामान्य आदिवासी परिवार में हुआ था। उनके पिता, बिरसा सोरेन, एक स्वतंत्रता सेनानी थे, जिन्होंने ब्रिटिश शासन के खिलाफ आदिवासी विद्रोह का नेतृत्व किया था। 1958 में, जब शिबू सोरेन केवल 14 वर्ष के थे, तब उनके पिता की हत्या कर दी गई थी। इस घटना ने शिबू सोरेन के जीवन को हमेशा के लिए बदल दिया।
शिबू सोरेन ने अपने पिता की हत्या के बाद राजनीतिक जीवन में प्रवेश किया। उन्होंने लकड़ी बेचकर अपने परिवार को पाला और महाजन प्रथा के खिलाफ आंदोलन शुरू किया। 1973 में, उन्होंने दो अन्य साथियों के साथ मिलकर झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) की स्थापना की। JMM एक आदिवासी अधिकार आंदोलन था, जिसका उद्देश्य झारखंड राज्य के लिए एक अलग राज्य का गठन करना था।
JMM के तहत, शिबू सोरेन ने आदिवासी अधिकारों के लिए एक लंबा और कठिन संघर्ष किया। उन्होंने कई बार जेल में समय बिताया और कई बार हिंसा का शिकार हुए। लेकिन उन्होंने कभी हार नहीं मानी और अपने संघर्ष को जारी रखा।
1980 के दशक में, JMM का आंदोलन तेजी से बढ़ने लगा। 1981 में, शिबू सोरेन पहली बार झारखंड राज्य विधानसभा के लिए चुने गए। 1983 में, उन्होंने झारखंड राज्य के पहले मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली।
शिबू सोरेन ने झारखंड के मुख्यमंत्री के रूप में तीन बार पदभार संभाला। उनके कार्यकाल के दौरान, उन्होंने आदिवासी अधिकारों के लिए कई महत्वपूर्ण उपाय किए। उन्होंने आदिवासी क्षेत्रों में शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार किया और आदिवासी संस्कृति को बढ़ावा दिया।
शिबू सोरेन एक विवादास्पद व्यक्तित्व भी थे। उन्हें कई बार भ्रष्टाचार के आरोपों का सामना करना पड़ा। 2004 में, उन्हें चिरूडीह कांड में गिरफ्तार किया गया था। इस कांड में 11 लोगों की हत्या हुई थी।
shibu soren birthday: शिबू सोरेन का राजनीतिक जीवन उतार-चढ़ाव से भरा रहा। लेकिन उन्होंने हमेशा आदिवासी अधिकारों के लिए संघर्ष किया। वे एक प्रेरणादायक व्यक्तित्व हैं, जिन्होंने आदिवासी समुदाय के लिए महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
shibu soren birthday: अतिरिक्त जानकारी
- शिबू सोरेन के तीन विवाह हुए हैं। उनके तीन बेटे और एक बेटी हैं।
- उनके बड़े बेटे हेमंत सोरेन वर्तमान में झारखंड के मुख्यमंत्री हैं।
- शिबू सोरेन को “दिशोम गुरु” के नाम से भी जाना जाता है, जिसका अर्थ है “आदिवासी लोगों का गुरु”।
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